(18)09-03-1985 “Love for the Father and service – this is the lifeblood of a Brahmin’s life.”
09-अव्यक्त मुरली-(18)09-03-1985 “बाप और सेवा से स्नेह – यही ब्राह्मण जीवन का जीयदान है” (प्रश्न और उत्तर नीचे दिए गए…
Welcome to The Home of Godly Knowledge
09-अव्यक्त मुरली-(18)09-03-1985 “बाप और सेवा से स्नेह – यही ब्राह्मण जीवन का जीयदान है” (प्रश्न और उत्तर नीचे दिए गए…
अव्यक्त मुरली-(04)“समर्थ की निशानी-संकल्प, बोल, कर्म, स्वभाव, संस्कार बाप समान”11-01-1983 (प्रश्न और उत्तर नीचे दिए गए हैं) 11-01-1983 “समर्थ की…